क्या होता हैं। सिस्टेमेटिक इनवेस्टमेंट प्लान यानी (sip)???

अगर आप अपना भविष्य वित्तीय रूप से सुरक्षित करना चाहते हैं। लेकिन एक साथ बड़ा निवेश भी नहीं कर सकते, तो इस समस्या का जवाब है सिस्टेमेटिक इन्वेसटमेंट प्लान।

जैसे की नाम से ही साफ है, सिस्टेमेटिक इन्वेस्टमेंट प्लान में आप एक योजनाबद्ध तरीके अपने मनपसंद म्यूचुअल फंड में एक छोटी रकम का लगातार निवेश करते हैं।

सिस्टेमेटिक इन्वेस्टमेंट प्लान कैसे शुरू करें?

सबसे पहले अपने निवेश के नज़रिये को देखते हुए म्यूचुअल फंड चुनना होगा। बाज़ार में मोटे तौर पर चार तरह के म्यूचुअल फंड्स मौजूद हैं – इक्विटी फंड्स, डेट फंड्स, गोल्ड फंड और हाइब्रिड फंड्स। अपनी जोखिम उठाने की क्षमता और रिटर्न के पैमाने के आधार पर कोई भी फंड चुन सकते हैं। अगर आपको बढ़िया रिटर्न चाहिए तो आप इक्विटी फंड चुन सकते हैं, वहीं अगर आप चाहते हैं कि रिटर्न भले ही कम हो लेकिन पूंजी एकदम सुरक्षित रहनी चाहिए, तो आप डेट फंड चुन सकते हैं जो बेहद कम जोखिम वाले इंस्ट्रुमेंट्स जैसे सरकारी बॉन्ड्स, कॉर्पोरेट डिपॉज़िट आदि में निवेश करते हैं।

सिस्टेमेटिक इन्वेस्टमेंट प्लान काम कैसे करता है?

इसे समझना बेहद आसान है। आपको ये तय करना है कि आप किस अवधी के लिए कितना निवेश करना चाहते हैं। लंबी अवधी के लिए (तीन साल या ज़्यादा) आप निवेश डॉट कॉम पर वेल्थ बिल्डर चुन सकते हैं और छोटी अवधी के लिए आप ऐसे फंड चुन सकते हैं जो आरडी से ज़्यादा रिटर्न देंगे। इस चुनाव के बाद आप पहली पेमेंट इंटरनेट बैंकिंग, चैक या पहले से रजिस्टर्ड बैंक मैंडेट के ज़रिये कर सकते हैं। इसके आगे की सभी ट्रांज़ैक्शन्स अपने आपके बैंक खाते से निकल जाएंगी। हर निवेश के साथ ही आपको फंड के मौजूदा बाज़ार भाव या नेट असेट वैल्यू (एनएवी) के मुताबिक फंड की युनिट्स आपके म्यूचुअल फंड अकाउंट में जमा हो जाएंगी।

सिस्टेमेटिक इन्वेस्टमेंट प्लान में निवेश क्यों करना चाहिए?

सही निवेश के छोटे कदम एक सुरक्षित भविष्य की नींव रखते हैं

SIP can be started with as low as Rs.500/ – or Rs.1000/ – per month.

एसआईपी में निवेश से वित्तीय अनुशासन आता है।
इसमें निवेश करना बेहद आसान है क्योंकि आपके एक बार निर्देश देने के बाद हर महीने आपके बैंक खाते से पैसे खुद ब खुद म्यूचुअल फंड खरीद के लिए ट्रांसफर हो जाएंगे।
एसआईपी छोटी रकम से शुरू हो सकती है इसलिए आप बिना किसी वित्तीय बोझ के इसे लंबे समय तक चला सकते हैं। जितनी लंबी अवधी तक निवेश करेंगे, कम्पाउंडिंग इफेक्ट की वजह से आपको उतनी बढ़िया रिटर्न मिलेगी।
एक तय रकम के निवेश करते रहने की वजह से बाज़ार गिरने की सूरत में आपके खाते में ज़्यादा युनिट्स खरीदी जाएंगी। इससे आप बाज़ार के उतार चढ़ाव से बचते हुए रुपी कॉस्ट ऐवरेजिंग का फायदा उठा कर औसत भाव पर निवेश कर सकेंगे।
क्या है रुपी कॉस्ट ऐवरेजिंग और इससे निवेशकों को क्या फ़ायदा होता है?
अबतक हम ये तो समझ ही गए हैं कि सिस्टेमेटिक इन्वेस्टमेंट प्लान के ज़रिये निवेशक हर महीने एक पहले से तय रकम का निवेश करते हैं। इस प्रक्रिया से बाज़ार में निवेश का सही समय ढूंढने की सरदर्दी से छुटकारा मिल जाता है। इसका मतलब ये है कि लंबी में युनिट्स का औसत खरीद भाव काफी कम हो जाता है। इसे रुपी कॉस्ट ऐवरेजिंग कहते हैं।

आइये इसे एक आसान मिसाल के ज़रिये समझते हैं। मान लीजिए एक निवेशक सिस्टेमेटिक इन्वेस्टमेंट प्लान में हर महीने 3000 रुपये का निवेश करते हैं:

महीना   निवेश  एनएवी  युनिट्स
जनवरी  3000    20    150
फरवरी  3000    10     300
मार्च      3000    15     200
अप्रैल    3000    20     150
          ----------            ---------
         12000              800
         -----------           ---------
अगर यही निवेश पूरे 12000 की रकम जनवरी में ही निवेश कर देते तो इन्हें 20 रुपये पर युनिट के हिसाब से 600 युनिट मिलती, जबकी सिस्टेमेटिक इन्वेस्टमेंट प्लान के ज़रिये हर महीने निवेश करने पर इन्हें चार महीने में ही 12000 रुपये में 800 युनिट्स मिल गईं। अप्रैल के अंत में इनकी औसतन खरीद कीमत 15 रुपये है। यानी अप्रैल के 20 रुपये के एनएवी के हिसाब से इन्हें 33% की रिटर्न मिल रहा है। वहीं जनवरी में पूरे 12000 का निवेश करने पर इन्हें कोई रिटर्न ना मिलता।

यही नहीं, सिस्टेमेटिक इन्वेस्टमेंट प्लान के ज़रिये निवेश बेहद लचीला भी होता है क्योंकि इसमें कोई लॉक इन पीरियड नहीं होता। आप जब चाहें अपना पूरा या जितना चाहिए उतना पैसा फंड में से निकाल सकते हैं। सिस्टेमेटिक इन्वेस्टमेंट प्लान की रकम को भी जब चाहों बढ़ा या घटा सकते हैं। हालांकि तय समय से पहले निवेश निकालना उचित नहीं है क्योंकि जितने लंबे समय तक आप निवेश करेंगे, रिटर्न उतनी ही बढ़िया मिलेगी।
As the longer you stay invested, the more wealth you accumulate.

SIP कैसे शुरू करें, कौन से फंड से शुरू करें, कितने समय के लिए करें, SIP शुरू करते वक़्त किन-किन बातों का ध्यान रखें, गोल बेस्ड (बच्चों की एजुकेशन, मैरिज, टैक्स सेविंग, ख़ुद की रिटायमेंट, ड्रीम कार या ड्रीम होम खरीदने के लिए) SIP कैसे शुरू करें। इन सब की जानकारी के लिये आप हमें कभी भी कॉल या व्हाट्सएप कर सकते है।

Contact details:-
Ram Karan [ARN-165158]
[AMFI-Registered Mutual Fund Distributor & Nivesh Partner]
Ladwa,Haryana (136132)

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